संवाददाता:अरशद हुसैन/www.news1uttrakhand.in
हरिद्वार/मंगलौर। मंगलवार को हरिद्वार जिला पंचायत बोर्ड बैठक का आयोजन हुआ। बैठक में पेयजल निगम के अधिशासी अभियंता (EE) राजेश गुप्ता पर जिला पंचायत सदस्य उस समय भड़क गए,जब वह ओवरहेड टैंक के नलकूपों की जानकारी नहीं दे पाए। सदस्यों ने उन्हें जमकर खरी-खोटी सुनाई और फटकार लगाते हुए कहा कि जब जिला पंचायत सदस्यों के काम नहीं करने हैं तो बैठक में मत आया करें। बैठक में तालाबों के संरक्षण और पुस्तकालय बनाने पर भी मंथन किया गया।
मंगलवार को रोशनाबाद स्थित जिला पंचायत कार्यालय में जिला पंचायत अध्यक्ष राजेंद्र सिंह उर्फ किरण चौधरी की अध्यक्षता में बोर्ड बैठक हुई। इसमें जल संरक्षण के लिए तालाबों को संरक्षित करने के लिए चर्चा की गई। तालाबों को सुरक्षित करने के लिए चारदीवारी, किनारों पर पौधरोपण और सफाई करने पर सहमति जताई गई।
बैठक में ग्रामीण क्षेत्रों में बच्चों के लिए पुस्तकालय बनाने पर विचार-विमर्श किया गया। पुस्तकालय बनाने के लिए जमीन और संचालन के लिए जिम्मेदारी तय करने पर मुहर लगाई गई।
अन्य मुख्य बिंदु:
* पेयजल लाइन की समस्या सदस्य अरविंद राठी और जितेंद्र कुमार ने कहा कि पेयजल निगम की ओर से डाली जा रही पाइप लाइन मात्र दो फीट गहराई में डाली जा रही है। उन्होंने बताया कि पाइपलाइन भारी वाहन की आवाजाही पर वह टूट रही है।
* बैठक के दौरान सोलर लाइट लगाने का आश्वासन उरेडा (UREDA) अधिकारी की दिया गया है। इस दौरान राज्य योजना से ग्रामीण क्षेत्रों में जल्द सोलर लाइट देने का आश्वासन उरेडा अधिकारियों ने दिया।
बैठक में बंद पड़े टैंकों का मुद्दा छाया रहा है। जिला पंचायत सदस्यों ने शिकायत कि कई ओवरहेड टैंक बंद पड़े हैं। जिससे क्षेत्र में पेयजल की आपूर्ति सही ढंग से नहीं हो पा रही है।
बैठक का संचालन अपर मुख्य अधिकारी संजय कुमार ने किया। इसमें उपाध्यक्ष अमित चौहान, सदस्य अंकित कश्यप, दर्शन सिंह, सोहनवीर पाल, ब्रजमोहन, मंजू देवी और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।






