संवाददाता:/news1uttrakhand.in
मंगलोर (हरिद्वार)। गोवंश संरक्षण गढ़वाल मंडल पुलिस टीम वह कोतवाली मंगलौर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में टांडा भनेड़ा वह कस्बा क्षेत्र में अवैध रूप से चल रही गौकशी का पर्दाफाश करते हुए एक बड़ी सफलता हासिल की है। कोतवाली की कस्बा पुलिस और गढ़वाल मंडल गोरक्षण टीम ने मौके से घेराबंदी कर दो आरोपियों को देहात तो तीन आरोपितों को कस्बा क्षेत्र से गिरफ्तार किया है, जबकि 6 अन्य आरोपी अंधेरे और झाड़ियों का फायदा उठाकर फरार होने में कामयाब रहे। कार्रवाई के दौरान आरोपियों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस टीम पर छुरियां लहराकर हमले की नीयत से भागने का प्रयास भी किया, जिसे पुलिस बल ने आवश्यक बल प्रयोग कर नाकाम कर दिया। पुलिस ने द्वारा मौके से कई सौ किग्रा गोमांस, कटान में प्रयुक्त उपकरण, मोबाइल और खालें बरामद की गई हैं! 
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार,गोवंश संरक्षण गढ़वाल मंडल पुलिस टीम को टांडा भनेड़ा मार्ग स्थित खाली खेत में अवैध गौकशी की सटीक सूचना मिली थी। सूचना पर उपनिरीक्षक शरद सिंह की अगुवाई में पुलिस टीम तत्काल मंगलौर कोतवाली पुलिस को साथ लेकर मौके पर पहुंची। आपको बता दें कि आरोपियों को भनक न लगे, इसलिए पुलिस ने सरकारी गाड़ियों को करीब 220 मीटर दूर रोक दिया और पैदल खेतों के रास्ते दबे पांव आगे बढ़ी। खेत में टॉर्च और प्रकाश की रोशनी में कुछ लोग मांस की कटाई व पैकिंग करते दिखाई दिए। पुलिस ने जैसे ही दबिश दी, आरोपियों में भगदड़ मच गई। आरोपियों ने हाथ में पकड़ी छुरियां लहराकर पुलिस पर हमले की कोशिश की, लेकिन मुस्तैद जवानों ने पीछा कर दो आरोपियों—अलीशान (21) पुत्र दिलशाद (निवासी मोहल्ला किला) और सोहिल (20) पुत्र मुरसलीन (निवासी मोहल्ला पठानपुरा, मंगलौर) को मौके पर ही दबोच लिया। 
पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी अलीशान पुत्र दिलशाद ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उसने बताया कि उसका भाई उस्मान उर्फ मुन्ना (निवासी मोहल्ला किला, मंगलौर) में भैंस के मीट की लाइसेंसी दुकान चलाता है। अधिक मुनाफे के लालच में उस्मान ही उनसे अवैध गौकशी करवाता था और गोमांस को अपनी दुकान से ‘भैंस का मीट’ बताकर ऊंचे दामों पर बेचता था। आरोपी सोहिल को इस काम के एवज में ₹2,000 का लालच देकर साथ लाया गया था। पुलिस ने मौके से लगभग 370 किग्रा गोमांस, 2 कटे हुए सिर, 8 खुर, 2 पशु खाल और आंतें।वह 2 कुल्हाड़ी, 1 छापड़, 2 छुरियां, 1 लकड़ी का खूना/गुटका, कांटा-तराजू व बाट। अन्य सामान: 2 मोबाइल फोन (ऐप्पल व सैमसंग), पैकिंग पॉलिथीन व कट्टे बरामद किए हैं! दूसरी कार्यवाही में कस्बा चोकी पुलिस वह गो संरक्षण पुलिस टीम ने मोहल्ला म्लानपूरा में एक दूध की डेरी में छापामारी करते हुए तीन आरोपितों को मौके से गिरफतार कर लिया! पुलिस ने बताया उक्त कार्यवाही में भी कई कुंतल गोमांस वह अन्य समान बरामद किया हैं! 
पुलिस ने मांस को पशुचिकित्साधिकारी डॉ. अमित पंवार ने मौके पर बुलाकर मांस का निरीक्षण कराया और लैब टेस्ट हेतु नमूने सील किए। शेष मांस व अवशेषों को नियमानुसार गहरा गड्ढा खुदवाकर व अम्लीय छिड़काव करवाकर मौके पर ही नष्ट कराया गया हैं। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक भगवान मेहर ने बताया हैं कि मौके से फरार 6 आरोपियों की तलाश में दबिश जारी हैं!
अंधेरे का लाभ उठाकर मौके से फरार हुए 6 आरोपियों की पहचान कर ली गई है! जिसमें उस्मान उर्फ मुन्ना पुत्र दिलशाद (मांस विक्रेता/मुख्य साजिशकर्ता)
मोनिश (गाय खरीदकर लाने वाला)
अल्तमश पुत्र मोहतरम
कल्लू पुत्र फैयाज
आसिफ पुत्र मंगता
समीर उर्फ लाला पुत्र इस्लाम
(सभी निवासीगण मंगलौर व आसपास के हैं! उन्होंने बताया कि पुलिस ने पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ उत्तराखंड गौवंश संरक्षण अधिनियम (धारा 3/5/11) और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 130 के तहत संगीन धाराओं में मामला दर्ज किया है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपितों को कागजी कार्रवाई के बाद चालान कर न्यायालय में पेश किया है!
“क्षेत्र में अवैध गौकशी और पशु क्रूरता किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस टीम ने सतर्कता दिखाते हुए आरोपियों को मौके से गिरफ्तार किया है। फरार 6 आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन कर संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। उन्हें भी जल्द गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।”
क्षेत्राधिकारी (CO) मंगलौर






