Latest News
उत्तराखंड के लाल का कमाल: मंगलौर के 16 वर्षीय इब्राहिम का Under-19 टीम में चयन, राजस्थान में दिखाएंगे दम मंगलौर पुलिस की बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक, अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह के 2 शातिर गिरफ्तार; 18 मोटरसाइकिलें बरामद ​’न्यूज 1 उत्तराखंड’ की खबर का बड़ा असर: रुड़की में अवैध स्लॉटर हाउस पर पुलिस का छापा, 800 किलो मांस के साथ 2 गिरफ्तार प्रशासन की नाक के नीचे चल रहा अवैध स्लॉटर हाउस, सोलानी नदी में बहाए जा रहे अवशेष ​ऑपरेशन प्रहार: खेतों में पुलिस की आधी रात सर्जिकल स्ट्राइक: तड़ीपार शाह नजर और सोहेल का करोड़ों का सिंडिकेट ध्वस्त, अंधेरे में भागते फिरे तस्कर,मौके से एक आरोपी गिरफ्तार,चार फ़रार,भारी मात्रा सैकड़ों किलोग्राम में प्रतिबंधित मांस सहित कई मोटर बाइक बरामद! गैंगस्टर… नशा तस्कर और पुलिस से लुका-छिपी; आखिरकार मंगलौर पुलिस के चक्रव्यूह में फंसा ‘जहर का सौदागर’!
Home » Uncategorized » मंगलौर, ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के नाम पर युवक से 1 लाख की ठगी, पुलिस ने शुरू की जांच

मंगलौर, ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के नाम पर युवक से 1 लाख की ठगी, पुलिस ने शुरू की जांच

Share:

संवाददाता: शमशुल कुरैशी/www.news1uttrakhand.in

मंगलौर (उत्तराखंड): डिजिटल पेमेंट के दौर में साइबर अपराधी नए-नए तरीकों से लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। ताज़ा मामला मंगलौर कोतवाली क्षेत्र का है, जहाँ एक युवक ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार हो गया और उसके खाते से ₹1 लाख की चपत लग गई।

जानकारी के मुताबिक, मंगलौर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मन्नाखेड़ी निवासी हरेंद्र कुमार ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उन्होंने 27 जुलाई 2025 को हैदराबाद निवासी शिवाली मैथ्यू के बैंक ऑफ इंडिया (रुड़की शाखा) के खाते में ₹1,00,000 ट्रांसफर किए थे। लेनदेन के बाद जब हरेंद्र ने शिवाली को ट्रांजेक्शन का स्क्रीनशॉट भेजा, तो शिवाली ने यह कहकर पैसे मिलने से इनकार कर दिया कि जिस खाते में पैसे भेजे गए हैं, वह उनके नाम पर फर्जी तरीके से खोला गया है। शिवाली ने दावा किया कि उन्हें कोई राशि प्राप्त नहीं हुई है।

पीड़ित ने साइबर सेल और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। इस दौरान ठगी का अहसास होने पर पीड़ित हरेंद्र ने उसी दिन साइबर सेल में अपनी शिकायत दर्ज कराई। अब इस मामले में मंगलौर कोतवाली पुलिस को लिखित तहरीर देकर मामले की गहराई से जांच करने और डूबी हुई रकम वापस दिलाने की मांग की गई है।

कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस अब बैंक रिकॉर्ड्स और ट्रांजेक्शन डिटेल्स के जरिए यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर वह खाता किसका है और पैसे किसने निकाले हैं।

सावधानी ही बचाव है: पुलिस ने अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के खाते में बड़ी राशि भेजने से पहले उसकी पहचान की पुष्टि अवश्य कर लें और किसी भी संदिग्ध स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर

कॉल करें।

Leave a Comment