Latest News
मंगलौर का किला अभेद्य: काजी निजामुद्दीन के गढ़ में भाजपा के संभावित प्रत्याशी की रणनीति बेअसर,,स्थानीय जनता मंगलौर विधायक काजी निजामुद्दीन को सिर्फ एक विधायक नहीं, बल्कि मंगलौर की आवाज मानती  हैं। विरोधियों की रणनीति यहाँ के लोगों के भरोसे को हिला नहीं सकती। मंगलौर में बाइक चोर गिरोह का आतंक, पुलिस के हाथ खाली ​कस्बे और देहात क्षेत्र से लगातार चोरी हो रही हैं बाइकें; पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठे सवालिया निशान होटल में मामूली विवाद के बाद देवबंद के युवक की पीट-पीटकर हत्या, शव नहर किनारे फेंका ​भगवानपुर पुलिस का बड़ा खुलासा: 48 घंटे के भीतर 5 आरोपी गिरफ्तार, दो की तलाश जारी ऑपरेशन प्रहार: मंगलौर पुलिस ने दबोचा शातिर चोर, चोरी का माल बरामद रुड़की! हिंदू जागरण मंच ने अवैध पशु कटान और फर्जी बिलिंग के खिलाफ खोला मोर्चा, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण को सौंपा शिकायती पत्र! एटीएम कार्ड बदलकर ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का भंडाफोड़, एक गिरफ्तार,356 सीसीटीवी खंगालने के बाद मंगलौर पुलिस को मिली सफलता; इंस्टाग्राम पर बनती थी गैंग की रणनीति
Home » Uncategorized » मंगलौर, ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के नाम पर युवक से 1 लाख की ठगी, पुलिस ने शुरू की जांच

मंगलौर, ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के नाम पर युवक से 1 लाख की ठगी, पुलिस ने शुरू की जांच

Share:

संवाददाता: शमशुल कुरैशी/www.news1uttrakhand.in

मंगलौर (उत्तराखंड): डिजिटल पेमेंट के दौर में साइबर अपराधी नए-नए तरीकों से लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। ताज़ा मामला मंगलौर कोतवाली क्षेत्र का है, जहाँ एक युवक ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार हो गया और उसके खाते से ₹1 लाख की चपत लग गई।

जानकारी के मुताबिक, मंगलौर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मन्नाखेड़ी निवासी हरेंद्र कुमार ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उन्होंने 27 जुलाई 2025 को हैदराबाद निवासी शिवाली मैथ्यू के बैंक ऑफ इंडिया (रुड़की शाखा) के खाते में ₹1,00,000 ट्रांसफर किए थे। लेनदेन के बाद जब हरेंद्र ने शिवाली को ट्रांजेक्शन का स्क्रीनशॉट भेजा, तो शिवाली ने यह कहकर पैसे मिलने से इनकार कर दिया कि जिस खाते में पैसे भेजे गए हैं, वह उनके नाम पर फर्जी तरीके से खोला गया है। शिवाली ने दावा किया कि उन्हें कोई राशि प्राप्त नहीं हुई है।

पीड़ित ने साइबर सेल और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। इस दौरान ठगी का अहसास होने पर पीड़ित हरेंद्र ने उसी दिन साइबर सेल में अपनी शिकायत दर्ज कराई। अब इस मामले में मंगलौर कोतवाली पुलिस को लिखित तहरीर देकर मामले की गहराई से जांच करने और डूबी हुई रकम वापस दिलाने की मांग की गई है।

कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस अब बैंक रिकॉर्ड्स और ट्रांजेक्शन डिटेल्स के जरिए यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर वह खाता किसका है और पैसे किसने निकाले हैं।

सावधानी ही बचाव है: पुलिस ने अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के खाते में बड़ी राशि भेजने से पहले उसकी पहचान की पुष्टि अवश्य कर लें और किसी भी संदिग्ध स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर

कॉल करें।

Leave a Comment